रामशाला में अवैध खनन का कहर: दिन-रात गरज रही जेसीबी, प्रशासन मौन; ग्रामीणों में आक्रोश, राहगीरों की जान पर मंडरा रहा खतरा

पत्रकार रितिक भारती की एक रिपोर्ट
चकिया/चन्दौली।
चकिया तहसील क्षेत्र के रामशाला ग्राम सभा में कथित रूप से अवैध मिट्टी खनन का खेल खुलेआम जारी है। ग्रामीणों का आरोप है कि खनन माफिया दिन-रात जेसीबी मशीनों और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के जरिए बड़े पैमाने पर मिट्टी का खनन कर रहे हैं। इससे न केवल सरकारी नियमों की अनदेखी हो रही है, बल्कि क्षेत्र की सड़कें भी क्षतिग्रस्त होती जा रही हैं और आम लोगों का आवागमन मुश्किल हो गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि रात के अंधेरे से लेकर दिन के उजाले तक लगातार जेसीबी मशीनें गरजती रहती हैं। भारी वाहनों की लगातार आवाजाही से सड़कें धूल से पट गई हैं, जिससे राहगीरों और दोपहिया वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों का आरोप है कि कई जगह सड़कें टूट चुकी हैं और गहरे गड्ढे बन गए हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है।

स्थानीय लोगों का यह भी कहना है कि अवैध खनन की जानकारी संबंधित अधिकारियों को होने के बावजूद प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा रही है। इससे खनन करने वालों के हौसले बुलंद हैं और वे बिना किसी डर के अपना काम जारी रखे हुए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि यदि समय रहते इस पर रोक नहीं लगी, तो क्षेत्र में कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन, तहसील प्रशासन और खनन विभाग से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने, अवैध खनन पर तत्काल रोक लगाने तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि प्रशासन की जिम्मेदारी है कि वह आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करे और सरकारी नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई करे।



